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आप एक सड़क पे जा रहे हो और आप किसी
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गार्डन में जाए और देखें वहां लिखा है
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फूलों के साथ आई लव जावेद अख्तर एंड आई
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अस्सलाम वालेकुम रहमतुल्लाह व बरकातहू
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मोहतरम हजरात आइए इस वीडियो में हम मुफ्ती
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शमाईल नदवी साहब की एक जबरदस्त दलील सुनते
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हैं जिससे लोगों की तालियों के साथ हंसी
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भी छूटने लगी हजरत मुफ्ती साहब ने ऐसी
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क्या दलील पेश की है जिससे लोगों की
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तालियों के साथ हंसी भी छूटने लगी
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कि आप एक सड़क पे जा रहे हो और आप किसी
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गार्डन में जाएं और देखें वहां लिखा है
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फूलों के साथ आई लव जावेद अख्तर एंड आई
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रियली डू आई लव यू सर। सो जब आप
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वहां पर पहुंचे तो वहां पहुंच कर अब ये
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बताएं क्या आप ये कहेंगे वाओ व्हाट अ
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नेचुरल सेक्शन। ये क्या नेचुरल सिलेक्शन
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है? नहीं। ये प्रिसाइजली डिज़ है। इसके
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पीछे डिज़र है। लिहाजा अगर कोई एक ऐसी कॉमन
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सेंस की बात को कबूल नहीं कर रहा है कि
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यूनिवर्स जो इतनी प्रिसाइजली काम कर रहा
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है। हम कह दें कि खुद ब खुद बन गई। मैं
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समझता हूं इससे बड़ी स्टुबिलिटी और कुछ
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नहीं है। ये इर्रेशन चीज है।